Prologue
प्रोलॉग
'ठीक है,' केविन ने आखिरकार कहा, 'ठीक है।'
जस्टिन उसकी तरफ मुड़ा, उसकी आँखों में एक अजीब सी चमक थी।
'मैं जानता हूँ कि पहले जो हुआ वो मेरी गलती थी, इसलिए मैं ही इसे ठीक कर सकता हूँ।'
जस्टिन उसे घूरता रहा, वह अपनी जगह से हिला नहीं।
'मैं, उम...' केविन ने अपने कंधे सिकोड़ते हुए शुरुआत की। 'तुम मुझे ले सकते हो,' उसने ये शब्द जबरदस्ती अपने मुँह से निकालते हुए कहा। 'तुम... मेरे साथ सेक्स कर सकते हो।'
'मैं "मेक लव" नहीं करता,' जस्टिन ने रूखेपन से जवाब दिया। 'प्यार में कोमलता और अपनापन होता है। मुझे रिश्तों में कोई दिलचस्पी नहीं है, और न ही मेरे पास उनके लिए समय है।'
वह फिर केविन के पास पहुँचा, जिससे केविन का शरीर तन गया।
'मुझे सिर्फ रॉ और हार्ड सेक्स में दिलचस्पी है,' उसने एक कामुक आवाज़ में कहा।
केविन ने अपने गले में अटकी गांठ को निगला, उसे अचानक लगा कि बात उसके नियंत्रण से बाहर हो रही है।
'यह सच है कि जो तुमने किया उसके बाद तुम मेरे कर्जदार हो,' जस्टिन ने उससे कहा, 'लेकिन क्या तुम मुझे वो देने के लिए तैयार हो जो मैं चाहता हूँ? क्या तुम मुझे वो इकलौती चीज़ देने को तैयार हो जिससे सब ठीक हो जाएगा?'
'आह...' केविन ने दूसरी तरफ देखते हुए आह भरी। 'हाँ।'
'एलिसिया ने तुम्हें मेरे बारे में चेतावनी दी थी,' जस्टिन ने शांत स्वर में कहा, 'है ना?'
'...ह-हाँ,' केविन ने कहा।
'मैं बहुत बड़ा हूँ,' जस्टिन ने गंभीरता से कहा, 'और बहुत रफ। वह मुझे संभाल सकता था, मुझे शक है कि तुम संभाल पाओगे।'
केविन का चेहरा लाल होने लगा, वह थोड़ा खोया हुआ महसूस कर रहा था, समझ नहीं पा रहा था कि क्या कहे।
'अगर तुम्हारा प्रस्ताव अभी भी कायम है,' जस्टिन ने कहा, और अपना हाथ बढ़ाकर उसके चेहरे को कोमलता से सहलाया, 'तो मैं सचमुच आज रात तुम्हें फक करना चाहता हूँ।'
केविन का दिल उसके सीने में ज़ोर-ज़ोर से धड़क रहा था, इतना कि उसे दर्द होने लगा।
'मेरे साथ आओ,' जस्टिन ने पीछे हटते हुए कहा, और मुड़कर सीढ़ियों की तरफ चल दिया। 'मैं तुम्हें कुछ दिखाना चाहता हूँ।'
केविन ने एक गहरी सांस ली जैसे ही जस्टिन दूर गया, उसने अपना सिर झुकाया और फिर जस्टिन की ओर ऊपर देखा।
वह सीढ़ियों पर उसके पीछे चल दिया।
जस्टिन उसे अपने बेडरूम में ले गया, जो एक बड़े आकार का कमरा था जिसमें एक किंग-साइज़ बेड था। बाहर अब अंधेरा था, बादलों भरी रात में शहर की रोशनी धुंधली लग रही थी।
केविन दरवाजे पर ही रुक गया जबकि जस्टिन दराजों वाली एक अलमारी के पास गया।
उसने सबसे ऊपरी दराज खोली, और केविन का दिल सीने में जम सा गया जब उसने देखा कि जस्टिन एक-एक करके चीजें निकाल रहा था और उन्हें अलमारी के ऊपर रख रहा था।
कोड़े, रस्सियाँ, बॉल-गैग, एक ह्यूमन-मज़ल, हथकड़ियाँ।
केविन का दिल बैठ गया।
'हम इनमें से कुछ भी अभी इस्तेमाल नहीं करेंगे,' जस्टिन ने कहा। 'फिलहाल, हम बस सीधे तरीके से करेंगे।'
वह वापस केविन की तरफ मुड़ा, जिसने अपनी आँखें उठाईं और जस्टिन की आँखों में देखा।
'क्या तुम डरे हुए हो?' जस्टिन ने उससे पूछा।
'नहीं,' केविन ने धीरे से जवाब दिया।
'तुम्हारी शक्ल से ऐसा लग रहा है।'
केविन ने अपनी नज़रें हटा लीं।
'तुम मेरे लिए सब ठीक करना चाहते हो,' जस्टिन ने उसके करीब आते हुए कहा। 'तुम चाहते हो कि मैं तुम्हारे अंदर आऊं, जैसे तुमने उसे करने दिया था...' वह अपनी बात पूरी नहीं कर पाया।
'मेरा मतलब वो सब होने का नहीं था,' केविन ने बुदबुदाते हुए कहा, अपनी घबराहट को काबू करने की कोशिश की। 'लेकिन मैं...'
'क्या तुम्हें मज़ा आया?' जस्टिन ने उससे पूछा। 'क्या तुम्हें पेनिट्रेट होना अच्छा लगा? क्या वो अच्छा था?'
'उम...' केविन ने जवाब दिया, उसकी आवाज़ कांप रही थी। 'हाँ,' उसने आखिर में कहा। 'यह... अच्छा था... अजीब था... शुरू में...... मैंने कभी.... मैं....'
'तो तुम्हें मज़ा आया?' जस्टिन ने पूछा।
'.... हाँ।'
'मेरे साथ करना बहुत अलग होगा,' जस्टिन ने गंभीरता से कहा। 'मुझे यह पसंद है.... हार्ड। मुझे पसंद है....' उसने अपनी मुट्ठी भींची, 'इतनी ज़ोर से फक करना...' उसने अपनी भारी आँखें वापस केविन पर टिका दीं। 'मैं तुम्हारे साथ करना चाहता हूँ,' उसने कहा। 'तुम्हें इसके लिए सहमति देनी होगी, तुम्हें हाँ कहना होगा। लेकिन एक बार जब तुम मान गए, तो तुम पीछे नहीं हट सकते। अगर तुम हाँ कहते हो, तो मैं तुम्हारे साथ वो करूँगा जो मैं चाहता हूँ, जब तक मैं खत्म न हो जाऊं। क्या तुम समझते हो?'
केविन ने अनिश्चित भाव से उसकी ओर पलकें झपकाईं।
'तुमने कहा कि तुम मुझे ले सकते हो,' जस्टिन ने उससे कहा। 'जान लो कि मुझे रफ पसंद है।' वह रुका। 'मुझे यकीन चाहिए कि यह सहमति से हो रहा है। मुझे चाहिए कि तुम हाँ कहो।'
केविन ने अपने कंधे सिकोड़े और अलमारी की तरफ देखा, जहाँ रस्सियाँ और अन्य चीजें रखी थीं जो जस्टिन ने वहां रखी थीं।
उसने जस्टिन की तरफ देखा जो उसके सामने खड़ा था, धैर्यपूर्वक उसके जवाब का इंतज़ार कर रहा था।
केविन ने एक गहरी सांस ली और अपने गले में अटकी गांठ को निगला।
'हाँ,' उसने एक ज़ोरदार और स्पष्ट आवाज़ में कहा।
जस्टिन ने अपना सिर झुकाया, धीरे-धीरे पलकें झपकाईं।